जबलपुर, । धान खरीदी में गड़बड़ी करने वालें बख्शे नहीं जाएंगे। ३६ गोदामों में धान को अवैधानिक रुप से पटका गया। बडी चालाकी से एफएक्यू नान एफएक्यू धान मिला दिए, ताकि जांच न हो सके और पूरी धान खरीद ली जाए। जिले के नवागत कलेक्टर दीपक सक्सेना ने कहा कि किसानों को व्यवस्था बनाने में सहयोग करना पड़ेगा। १०-१२ दिनों के अंदर व्यवस्था दुरुस्त कर दी जाएगी। उन्होंने आश्वस्त किया कि किसानों की नॉन एफएक्यू धान भी खरीदी जाएगी। श्री सक्सेना पदभार संभालने के बाद यहां कलेक्टर के सभागर में पत्रकारों से चर्चा कर रहे थे। पत्रकारों से बातचीत करते हुए कलेक्टर दीपक सक्सेना ने एफएक्यू और नॉन एफएक्यू धान की तुलना दूध दही से की।
उन्होंने कहा कि यदि दूध के बर्तन में दही डाल दिया जाएगा तो पूरा दूध दही हो जाएगा, ऐसा ही धान में किया गया है। बड़ी चालाकी के साथ नान एफएक्यू धान को एफएक्यू (गुणवत्ता वाली) धान में मिला दिया गया, ताकि नॉन एफएक्यू वाली धान भी बिक जाए। उन्होंने कहा कि धान उपार्जन में गड़बड़ी करने वालों सख्त कार्रवाई की जाएगी। वहीं किसानों को कोई दिक्कत नहीं होनी दी जाएगी। यद्यपि प्राथमिकता के सवाल पर श्री सक्सेना ने कहा कि मेरी कोई प्राथमिकता नहीं है। प्राथमिकता तय करने का काम सरकार का है। मुझे सभी काम पूरी ईमानदारी से करना है।
उन्होंने जिले के ब्लैक लिस्ट वेयरहाउस द्वारा धान रखने के सवाल पर कहा कि अभी तक राज्य सरकार ने किसी भी वेयरहाउस को ब्लैक लिस्ट नहीं किया है। अभी हम जांच करेंगे कि जितने गोदाम में कितनी मात्रा में धान रखी है और इस धान को किस तरह से व्यवस्थित और सुरक्षित रखा जा सकता है। जिला स्तर पर टीम बनाई जाएंगी, जो जिले के वेयरहाउस में जाकर यह देखेंगे कि वहां कितनी धान रखी है। उसमें कितनी धान गुणवत्ता वाली है।
इसे खरीदने की तैयारी और योजना का काम होगा। इसके बाद खरीदी जाने वाली धान को सूखाकर गुणवत्तापूर्ण बनाया जाएगा। उन्होंने आगे कहा कि धान की समस्या पर जांच की जा रही है लेकिन जो वास्तविक किसान हैं और जिनकी उपज नॉन एफएक्यू है वह हम हर हाल में खरीदेंगे। चूंकि मामला कुछ वेयर हाउस वालों ने या खरीदी केंद्रों पर बिना स्लॉट बुक किए धान पहुंच गई है इसलिए मामला कुछ पेचीदा हो जाने के कारण जांच में थोड़ा सा समय लग रहा है। लेकिन, शासन इसका निराकरण किसानों के हित में करेगा।मतदाता सूची पुनरीक्षण का काम शुरु....................
कलेक्टर ने इस अवसर पर मतदाता सूची संक्षिप्त पुनरीक्षण की भी जानकारी देते हुए बताया कि मतदाता सूची के प्रारुप का प्रकाशन कर दियागया है और स्टैंडिग कमेटी की बैठक में राजनीतिक दलों को विस्तार से इसकी जानकारी दी गई। ६ जनवरी से २२ जनवरी तक बूथ लेबल एजेंट अपने-अपने मतदाता केंद्र में उपस्थित रहेंगे। सभी मतदाता अपना नाम जुड़वाएं। जबलपुर के पनागर, बरगी और पाटन में स्त्री-पुरुष मतदाता अनुपात ९५० है।
६ जनवरी से २२ जनवरी तक प्रत्येक कार्य दिवस में बीएलओ अपने-अपने मतदान केंद्रों पर उपस्थित रहकर मतदाताओं का नाम जोड़ने, हटाने और संशोधन के लिए आवेदन लेंगे। फोटो निर्वाचक नामावली के विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण २०२४ अंतर्गत विशेष शिविर लगाए जाएंगे। यह शिविर १३ जनवरी एवं २० जनवरी को लगाए जाएंगे। इस दौरान समस्त बीएलओ अपने-अपने क्षेत्र में भ्रमण करेंगे और मतदाता सूची का वाचन कर फॉर्म ६, ७ और ८ का आवेदन प्राप्त करेंगे।