- मकर संक्रांति और मौनी अमावस्या के स्नान अनुष्ठानों के कारण सभी स्कूल 20 जनवरी तक बंद रहेंगे।

मकर संक्रांति और मौनी अमावस्या के स्नान अनुष्ठानों के कारण सभी स्कूल 20 जनवरी तक बंद रहेंगे।

जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा के निर्देश पर जिला विद्यालय निरीक्षक (DIOS) पी.एन. सिंह ने यह आदेश जारी किया है। इस आदेश का सख्ती से पालन करने का निर्देश दिया गया है।

प्रयागराज में मकर संक्रांति और मौनी अमावस्या स्नान के लिए स्कूलों में छुट्टी घोषित की गई है। सभी बोर्ड के कक्षा 1 से 12 तक के स्कूल 16 जनवरी से 20 जनवरी तक बंद रहेंगे। यह फैसला भीड़भाड़ और ट्रैफिक प्रतिबंधों के कारण लिया गया है। यह आदेश DIOS पी.एन. सिंह ने जिलाधिकारी मनीष कुमार वर्मा के निर्देश पर जारी किया। इस आदेश का सख्ती से पालन करने का निर्देश दिया गया है।

प्रयागराज में इस समय माघ मेला चल रहा है। मकर संक्रांति और षटतिला एकादशी के शुभ संयोग के कारण संगम पर श्रद्धालुओं की भारी भीड़ है। बुधवार सुबह 8 बजे तक लगभग 15 लाख श्रद्धालुओं ने संगम में पवित्र स्नान किया और इस अवसर के आध्यात्मिक महत्व का अनुभव किया। युवा से लेकर बुजुर्ग तक सभी उम्र के लोग संगम में डुबकी लगाते दिखे।

2 करोड़ से ज़्यादा लोगों के डुबकी लगाने की उम्मीद
अनुमान है कि इस साल मकर संक्रांति स्नान पर्व के दौरान संगम में 2 करोड़ से ज़्यादा लोग डुबकी लगाएंगे। इसलिए सुरक्षा व्यवस्था बहुत कड़ी है। पुलिस और सुरक्षा बल हर जगह तैनात हैं। मेला प्रशासन ने विभिन्न स्थानों पर भीड़ को नियंत्रित करने के लिए 13 जनवरी से चार पहिया वाहनों के प्रवेश पर प्रतिबंध लगा दिया है। पुलिस कमिश्नर जोगेंद्र कुमार ने कहा कि घुड़सवार पुलिस, फुट पेट्रोल, जल पुलिस और RAF के जवान संगम तट पर पूरी सावधानी के साथ काम कर रहे हैं।

बदराज कंपनी भी तैनात
किसी भी अप्रिय घटना को रोकने के लिए बदराज कंपनी को भी तैनात किया गया है। उन्होंने कहा कि भीड़ को आसानी से संगम तक लाने और फिर उन्हें उनके गंतव्य तक वापस ले जाने के लिए एक विशेष डायवर्जन योजना बनाई गई है। कमिश्नर ने कहा कि इस समय भीड़ नियंत्रण में है और सभी सुरक्षित हैं।

AI कैमरों से भीड़ की लगातार निगरानी
हालांकि, अगर भविष्य में भीड़ और बढ़ती है, तो आपातकालीन योजनाएं तैयार हैं। AI कैमरे लगातार भीड़ की निगरानी कर रहे हैं, और प्रशासन इस निगरानी के आधार पर आवश्यक कदम उठा रहा है। गौरतलब है कि 23 साल बाद मकर संक्रांति और एकादशी का दुर्लभ संयोग बना है, जिससे इस दिन स्नान का महत्व काफी बढ़ गया है। इस मौके पर लोग सिर्फ़ प्रयागराज ही नहीं, बल्कि वाराणसी, अयोध्या और मथुरा जैसे दूसरे धार्मिक शहरों के घाटों पर भी पहुंच रहे हैं। हर जगह भक्तों की भीड़ उनकी आस्था और भक्ति का सबूत है।

Comments About This News :

खबरें और भी हैं...!

वीडियो

देश

इंफ़ोग्राफ़िक

दुनिया

Tag